KS THAKUR STUDY 101%
Tuesday, January 2, 2024
KS THAKUR इन्होंने पीसीएम से बीएससी की है और उसके बाद मैकेनिकल इंजीनियरिंग की 2015 में अब यह खुद की कोचिंग चलाते थे लेकिन अब यह रेलवे मै अहमदाबाद मै जॉब करते है यह ठाकुर परिवार से है इनका पूरा परिवार मथुरा, उत्तर प्रदेश मै रहता है यह बहुत भाग्यशाली है जो मथुरा जैसे पवित्र स्थान पर जन्म लिया है यह बहुत शांत स्वाभाव के है
Saturday, March 5, 2022
Friday, August 28, 2020
ब्रह्मांड
सबसे पहले पाइथागोरस ने बताया कि पृथ्वी गोल है यह उन्होंने लगभग 540 ईसा पूर्व बताया था फिर 140 ईसा पूर्व टॉलमी ने भू-केंद्रीय सिद्धांत दिया उन्होंने बताया कि सभी खगोलीय पिंड पृथ्वी को केंद्र मानकर उसके चारों ओर चक्कर लगाते हैं सूर्य-केंद्रीय सिद्धांत- 1543 ईस्वी में कॉपरनिकस ने सूर्य केंद्रीय सिद्धांत दिया उन्होंने बताया की सभी खगोलीय पिंड सूर्य के चक्ककर लगाते इसलिए कॉपरनिकस को सौरमंडल का खगोलीय कहते हैं पर इन्होंने यह नहींं बताया कि सभी पिंड सूर्य के कैसे चक्कर लगाते हैं फिर केपलर ने कक्षाओं का नियम दिया उन्होंने बताया कि सभी ग्रह सूर्य के चारों ओर एक निश्चित कक्षाा में चक्कर लगााते हैं
Saturday, July 11, 2020
Sunday, April 26, 2020
दुनिया में सबसे ज्यादा बोली जाती हैं ये भाषाएं
मैंडरिन भाषा - यह चीन में बोली जाने वाली एक प्रमुख भाषा है। इसे दुनिया में सबसे ज्यादा बोली जाने वाली भाषाओं में प्रथम स्थान प्राप्त है।. स्पेनिश भाषा - स्पेनिश दूसरी सर्वाधिक बोली जाने वाली भाषा है।. अंग्रेजी भाषा - हिंदी, उर्दू और फारसी की ही तरह दूर-दूर तक संबंध है। इसे दुनिया की पहली अंतरराष्ट्रीय भाषा माना जाता है। इसके अलावा यह दुनिया के कई देशों की राजभाषा भी है।
Wednesday, October 30, 2019
MATHURA UTTAR PRADESH
मथुरा के चारों ओर चार शिव मंदिर हैं- पूर्व में पिपलेश्वर का, दक्षिण में रंगेश्वर का और उत्तर में गोकर्णेश्वर का और पश्चिम में भूतेश्वर महादेव का मन्दिर है। चारों दिशाओं में स्थित होने के कारण शिवजी को मथुरा का कोतवाल कहते हैं। मथुरा को आदि वाराह भूतेश्वर क्षेत्र के नाम से भी जाना जाता है। वाराह जी की गली में नीलवारह और श्वेतवाराह के सुंदर विशाल मंदिर हैं। श्रीकृष्ण के प्रपौत्र वज्रनाभ ने श्री केशवदेवजी की मूर्ति स्थापित की थी पर औरंगजेब के काल में वह रजधाम में पधरा दी गई व औरंगजेब ने मंदिर को तोड़ डाला और उसके स्थान पर मस्जिद खड़ी कर दी। बाद में उस मस्जिद के पीछे नया केशवदेवजी का मंदिर बन गया है। प्राचीन केशव मंदिर के स्थान को केशवकटरा कहते हैं। खुदाई होने से यहाँ बहुत सी ऐतिहासिक वस्तुएँ प्राप्त हुई थीं।मुगलकाल में सौंख का किला जाट राजा हठी सिंह तोमर(कुंतल) सौंख राजा हठी सिंह की वीरता के लिए प्रसिद्ध था
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मथुरा के चारों ओर चार शिव मंदिर हैं- पूर्व में पिपलेश्वर का, दक्षिण में रंगेश्वर का और उत्तर में गोकर्णेश्वर का और पश्चिम में भूतेश्वर महाद...
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